Banner
Workflow

असम की बोरजुली आर्द्रभूमि को जैव विविधता विरासत स्थल घोषित किया गया।

असम की बोरजुली आर्द्रभूमि को जैव विविधता विरासत स्थल घोषित किया गया।
Contact Counsellor

असम की बोरजुली आर्द्रभूमि को जैव विविधता विरासत स्थल घोषित किया गया।

मुख्य पहलूविवरण
घटनाअसम की बोरजुली आर्द्रभूमि (Borjuli Wetland) को जैव विविधता विरासत स्थल (Biodiversity Heritage Site - BHS) घोषित किया गया।
महत्त्वयह स्थल जंगली धान (Oryza rufipogon) के संरक्षण के लिए महत्वपूर्ण है, जो खेती वाले धान (Oryza sativa) का पूर्वज (Progenitor) माना जाता है।
कार्यान्वयन एजेंसीआईसीएआर–राष्ट्रीय पादप आनुवंशिक संसाधन ब्यूरो (ICAR-NBPGR) ने असम राज्य जैव विविधता बोर्ड के सहयोग से इस परियोजना का कार्यान्वयन किया।
परियोजना का नाम"असम के सोनितपुर जिले में जंगली धान (Oryza rufipogon) का इन-सीटू संरक्षण एवं प्रबंधन", जिसे 2022 से संचालित किया जा रहा है।
वित्तपोषण एजेंसीराष्ट्रीय वर्षा आधारित क्षेत्र प्राधिकरण (NRAA), कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय के अधीन।
प्रमुख प्रजातिOryza rufipogon – यह प्राकृतिक रूप से कीटों, बाढ़ और लवणता (Salinity) के प्रति प्रतिरोधी है तथा जलवायु-अनुकूल धान की नई किस्मों के विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
प्राकृतिक आवासयह प्रजाति पूर्वी एवं दक्षिणी एशिया के दलदली क्षेत्रों (Marshes) और आर्द्रभूमियों (Wetlands) में पाई जाती है।
अधिसूचना जारी करने वाली संस्थाराष्ट्रीय जैव विविधता प्राधिकरण (NBA) ने इसे जैव विविधता विरासत स्थल (BHS) घोषित करने की अधिसूचना जारी की।

Categories